NEET-UG पेपर लीक: CBI ने दायर की चार्जशीट, 13 आरोपी

NEET-UG पेपर लीक: CBI ने दायर की चार्जशीट, 13 आरोपी

July 28, 2026 0 By admin
शेयर करें

नीट यूजी पेपर लीक मामले में सीबीआई ने राउज एवेन्यू कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दिया है. CBI की आर्थिक अपराध शाखा ने 13 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर किया है. चार्जशीट को आगे सुनवाई के लिए पेपर लीक मामलों की सुनवाई के लिए गठित विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट के समक्ष पेश किया जाएगा. इस मामले में सभी 13 आरोपी फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं.

अर्जुन आनंद को दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट में NEET पेपर लीक मामले के लिए CBI का पब्लिक प्रॉसिक्यूटर नियुक्त किया गया है. आरोपियों पर BNS 2023 की धारा 315(5), 318(4), 61(2), 238 और 303(2) के तहत मामला दर्ज है. प्रिवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट (PC Act) 1988 की धारा 13(2) और 13(1)(a) भी लगाई गई है. पब्लिक एग्जामिनेशन (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024 की धारा 10 के साथ धारा 3, 4, 5 और 11 के तहत कार्रवाई हुई.

29 जुलाई को रॉउज एवन्यू कोर्ट करेगा सुनवाई

रॉउज एवन्यू कोर्ट बुधवार (29 जुलाई 2026) को चार्जशीट पर संज्ञान लेने पर सुनवाई करेगा. चार्जशीट में यश यादव, मांगीलाल बिवाल, दिनेश बिवाल, विकास बिवाल, शुभम खैरनार, धनंजय लोखंडे, प्रहलाद कुलकर्णी, तेजस हर्षद कुमार, डॉ. मनोज शिरुरे, शिवराज रघुनाथ मोटेगांवकर, मनीषा वाघमारे, मनीषा मंधारे, मनीषा संजय हवलदार को आरोपी बनाया गया है. ये सभी आरोपी फिलहाल ज्यूडिशियल कस्टडी में हैं.

दिल्ली की राऊज एवेन्यू फास्ट ट्रैक कोर्ट ने 27 जुलाई को नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले में सीबीआई का पक्ष रखने के लिए एक प्रॉसिक्यूटर की नियुक्ति का निर्देश दिया था. सोमवार को फास्ट ट्रैक कोर्ट की ओर से की जाने वाली यह पहली सुनवाई थी. कोर्ट ने संबंधित डायरेक्टर ऑफ प्रॉसिक्यूशन को निर्देश दिया कि वे नीट-यूजी पेपर लीक मामले में राज्य सीबीआई का पक्ष रखने के लिए एक प्रॉसिक्यूटर नियुक्त करें.

कोर्ट ने आरोपी की जमानत याचिका टाल दी

वहीं, सीबीआई की तरफ से मामले की सुनवाई में कोई वकील कोर्ट में पेश नहीं हुआ. इसके कारण कोर्ट ने दिनेश बिवाल और विकास बिवाल की जमानत याचिका पर सुनवाई टाल दी. आरोपियों की ओर से वकील एपी सिंह पेश हुए थे. सभी आरोपी 6 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में हैं. 12 मई को एक सरकारी अधिकारी की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की गई थी.23 जुलाई को राऊज एवेन्यू कोर्ट में ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) एक्ट-2024’ और इससे जुड़े अन्य अपराधों की सुनवाई के लिए एक फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाई गई. इससे जुड़े सभी मामले फास्ट ट्रैक कोर्ट में ट्रांसफर कर दिए जाएंगे.

पुलिस कार्रवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई

नीट-यूजी परीक्षा में अनियमितताओं के विरोध में हुए प्रदर्शन और उसके बाद हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार (28 जुलाई 2026) को अहम सुनवाई की. चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच ने मामले की सुनवाई करते हुए दिल्ली, बिहार, महाराष्ट्र, असम, पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश और केरल सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. सुप्रीम कोर्ट ने सभी संबंधित अधिकारियों को घटनास्थल के सभी सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने का निर्देश दिया. कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि जिन लोगों के खिलाफ पहले से कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं था, लेकिन प्रदर्शन के दौरान उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया, उनके खिलाफ फिलहाल कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी.


शेयर करें